उत्तराखण्ड काशीपुर क्राइम

वायरल वीडियो के बाद पुलिस पर गिरी गाज: किसान आत्महत्या केस में दो अधिकारी निलंबित, 10 जवान लाइन हाजिर…….

ख़बर शेयर करें -

काशीपुर- काशीपुर किसान आत्महत्या मामले में मृतक वायरल वीडियो में गंभीर आरोप लगने के बाद एसएसपी मणिकांत मिश्रा की सख्त कार्यवाही सामने आई है। लापरवाही पर थाना आईटीआई प्रभारी और उपनिरीक्षक को निलंबित किया है जबकि रिपोर्टिंग पुलिस चौकी पैगा की पूरी टीम लाइन हाजिर की गई है। आपको बताते चलें कि हल्द्वानी के काठगोदाम थाना क्षेत्र के गौलापार एक होटल में खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने से पूर्व मृतक किसान सुखवंत सिंह द्वारा जारी किए गए वीडियो में कई लोगों के नाम और पुलिस अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाने का वीडियो वायरल होने के बाद एसएसपी उधम सिंह नगर ने प्रकरण में गंभीर लापरवाही और उदासीनता सामने आने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा ने कड़ा रुख अपनाया है।

यह भी पढ़ें 👉  डौनपरेवा में शहीद को नमन, जनता की समस्याओं पर प्रशासन सक्रिय; 95 करोड़ की सड़क योजना के साथ तत्काल गड्ढामुक्ति के निर्देश

 

मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी ने तत्काल प्रभाव से दो पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया, जबकि चौकी पैगा पर तैनात संपूर्ण पुलिस टीम को लाइन हाजिर किया गया है। प्रकरण में लापरवाही बरतने के आरोप में उपनिरीक्षक ना0पु0 कुंदन सिंह रौतेला (थानाध्यक्ष, कोतवाली आईटीआई) एवं उपनिरीक्षक ना0पु0 प्रकाश बिष्ट (कोतवाली आईटीआई) के विरुद्ध अनुशासनिक कार्रवाई प्रस्तावित/प्रचलित करते हुए दोनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। इसके साथ ही चौकी पैगा, कोतवाली आईटीआई पर तैनात 10 पुलिस कर्मियों को भी तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किया गया है।

यह भी पढ़ें 👉  ऑपरेशन प्रहार के तहत हल्द्वानी पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 315 बोर तमंचे और कारतूस के साथ युवक गिरफ्तार

 

इनमें उपनिरीक्षक/चौकी प्रभारी जितेंद्र कुमार, अपर उपनिरीक्षक सोमवीर सिंह, आरक्षी भूपेन्द्र सिंह, दिनेश तिवारी, मु0आरक्षी शेखर बनकोटी, आरक्षी सुरेश चन्द्र, योगेश चौधरी, राजेन्द्र गिरी, दीपक प्रसाद एवं संजय कुमार शामिल हैं एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने स्पष्ट संदेश दिया है कि पुलिस कार्यप्रणाली में किसी भी प्रकार की लापरवाही, संवेदनहीनता या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनता की शिकायतों और गंभीर मामलों में त्वरित व निष्पक्ष कार्रवाई पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है, और इसमें कोताही बरतने वालों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।