नैनीताल – आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2027 को स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ललित मोहन रयाल ने निर्वाचन संबंधी व्यवस्थाओं के सुचारू संचालन और समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए जनपद में 56 नोडल तथा 108 सहायक नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की है। इन अधिकारियों को कुल 38 निर्वाचन संबंधी कार्यों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
भारत निर्वाचन आयोग और मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तराखंड की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के क्रम में जारी आदेश के तहत मतदान कार्मिकों की तैनाती, प्रशिक्षण, ईवीएम-वीवीपैट प्रबंधन, परिवहन, सुरक्षा, मतदाता जागरूकता, निर्वाचन व्यय निगरानी और मीडिया प्रबंधन सहित विभिन्न व्यवस्थाओं की निगरानी की जाएगी।
प्रमुख निर्वाचन व्यवस्थाओं के लिए अधिकारियों की जिम्मेदारी तय
जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदान कार्मिक प्रबंधन के लिए मुख्य विकास अधिकारी को नोडल अधिकारी नामित किया है। वहीं, प्रशिक्षण प्रबंधन की जिम्मेदारी परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास को सौंपी गई है। आदर्श आचार संहिता के अनुपालन की निगरानी अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व करेंगे।

परिवहन प्रबंधन के लिए संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन और जिला पूर्ति अधिकारी को नोडल अधिकारी बनाया गया है। ईवीएम प्रबंधन एवं प्रशिक्षण की जिम्मेदारी अधिशासी अभियंता लघु सिंचाई भीमताल को दी गई है। निर्वाचन व्यय की निगरानी मुख्य कोषाधिकारी करेंगे।
मतपत्र एवं डाक मतपत्र प्रबंधन के लिए नगर आयुक्त नगर निगम को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। वहीं, ईटीपीबीएस की प्राप्ति, वितरण एवं प्रेषण की जिम्मेदारी जिला सूचना विज्ञान अधिकारी और सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता विशाल प्रसाद को सौंपी गई है।
मीडिया, तकनीक और मतदाता जागरूकता पर भी विशेष फोकस
निर्वाचन के दौरान लेखन सामग्री एवं प्रपत्रों की छपाई के लिए वरिष्ठ कीट एवं मौनपालन केंद्र ज्योलीकोट को नोडल अधिकारी बनाया गया है। मीडिया सेल, एमसीएमसी और पेड न्यूज की निगरानी की जिम्मेदारी अधीक्षण अभियंता पेयजल निगम तथा सहायक परियोजना अधिकारी ग्राम विकास को दी गई है।
कम्प्यूटरीकरण, मोबाइल एप और आईटी एप्लीकेशन से संबंधित कार्यों के लिए जिला सूचना विज्ञान अधिकारी को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। वहीं, मतदाता जागरूकता के लिए संचालित होने वाले स्वीप कार्यक्रम की जिम्मेदारी मुख्य विकास अधिकारी और निदेशक उच्च शिक्षा को सौंपी गई है।
इसके अतिरिक्त विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को सहायक नोडल अधिकारी के रूप में जिम्मेदारी दी गई है, ताकि निर्वाचन प्रक्रिया के प्रत्येक चरण की प्रभावी निगरानी हो सके।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई : जिला निर्वाचन अधिकारी
जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ललित मोहन रयाल ने सभी नोडल और सहायक नोडल अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे भारत निर्वाचन आयोग, मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तराखंड तथा जिला निर्वाचन अधिकारी की ओर से समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करें।
उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने और निर्वाचन संबंधी सभी आवश्यक कार्य समयबद्ध रूप से पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही, कार्यों की प्रगति से नियमित रूप से जिला निर्वाचन अधिकारी को अवगत कराने को कहा।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि निर्वाचन संबंधी कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही पाए जाने पर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए संबंधित अधिकारी स्वयं जिम्मेदार होंगे।

