उत्तराखण्ड ज़रा हटके हल्द्वानी

डिजिटल अरेस्ट और यूपीआई फ्रॉड से बचाएगी जागरूकता, नैनीताल पुलिस ने तेज किया अभियान

ख़बर शेयर करें -

हल्द्वानी – साइबर अपराधों की रोकथाम और आमजन को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए नैनीताल पुलिस ने साइबर सुरक्षा जागरूकता माह के तहत अभियान तेज कर दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टीसी के निर्देशन में पुलिस की साइबर क्राइम सेल और विभिन्न थाना प्रभारियों की ओर से जिलेभर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

इसी क्रम में ‘Cyber Saathi – A Joint Awareness Initiative’ अभियान के तहत मुखानी, लालकुआं, काठगोदाम और हल्द्वानी के साथ तल्लीताल के पंत पार्क में आयोजित रामलीला कार्यक्रमों के दौरान स्थानीय लोगों, स्कूली छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को साइबर अपराधों तथा ऑनलाइन ठगी से बचाव के उपाय बताए गए।

यह भी पढ़ें 👉  हिंदी-मराठी सिनेमा ने खोया अपना दिग्गज कलाकार, नाना पाटेकर नहीं रहे

फर्जी नौकरी से डिजिटल अरेस्ट तक, ठगी के तरीकों की जानकारी

जागरूकता कार्यक्रमों में पुलिस ने लोगों को साइबर अपराधियों द्वारा अपनाए जाने वाले विभिन्न तरीकों के बारे में बताया। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:

  • फर्जी ऑनलाइन नौकरी और पार्ट-टाइम जॉब के नाम पर ठगी।
  • सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर धोखाधड़ी।
  • ऑनलाइन गेमिंग और रिवॉर्ड के नाम पर ठगी।
  • फर्जी निवेश और ट्रेडिंग योजनाओं के जरिए लोगों को फंसाना।
  • यूपीआई और क्यूआर कोड के माध्यम से होने वाली धोखाधड़ी।
  • डिजिटल अरेस्ट के नाम पर डराकर पैसे वसूलना।
  • फिशिंग लिंक, संदिग्ध वेबसाइट और फर्जी ऐप के जरिए साइबर अपराध।
  • ओटीपी, पिन, सीवीवी और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी हासिल कर ठगी करना।
यह भी पढ़ें 👉  ऑपरेशन प्रहार: रामनगर में चोरी का खुलासा, मेरठ का आरोपी गिरफ्तार

अनजान कॉल और लिंक से रहें सावधान

पुलिस ने लोगों को बताया कि साइबर अपराधी अक्सर विश्वास, लालच, डर और जल्दबाजी का फायदा उठाकर लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। इसलिए किसी भी अनजान कॉल, संदिग्ध संदेश, लिंक, क्यूआर कोड, ऑनलाइन ऑफर या निवेश योजना पर बिना सत्यापन के भरोसा नहीं करना चाहिए।

पुलिस ने अपील की कि अपना ओटीपी, पिन, सीवीवी और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। अनजान लिंक पर क्लिक करने और संदिग्ध ऐप डाउनलोड करने से भी बचें।

यह भी पढ़ें 👉  ट्रक ड्राइवर और दर्जी निकले स्मैक तस्करी के आरोपी, लालकुआं में पुलिस ने दबोचा

साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत

नैनीताल पुलिस ने लोगों को साइबर ठगी का शिकार होने पर तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करने की सलाह दी। इसके अलावा भारत सरकार के राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल https://www.cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।

पुलिस का उद्देश्य जागरूकता अभियान के माध्यम से लोगों को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित करना और साइबर अपराधों से बचाव के प्रति सतर्क बनाना है।