पिथौरागढ़ – पिथौरागढ़ जिले के चंडाक क्षेत्र स्थित डूंगरा गांव में एक 62 वर्षीय बुजुर्ग ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए तेंदुए के हमले से अपनी जान बचा ली। बकरी चराने गए बुजुर्ग पर अचानक तेंदुए ने हमला कर दिया, लेकिन उन्होंने घबराने के बजाय हाथ में मौजूद बड़ियाठ से लगातार वार कर तेंदुए को पीछे हटने पर मजबूर कर दिया। हालांकि संघर्ष के दौरान बुजुर्ग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के अनुसार, भगवान सिंह बोहरा (62) पुत्र धन सिंह बोहरा शनिवार सुबह करीब 10 बजे अपने घर के समीप जंगल में बकरियां चराने गए थे। इसी दौरान झाड़ियों में घात लगाए बैठे तेंदुए ने अचानक उन पर हमला बोल दिया और उनके बाएं हाथ को अपने जबड़ों में जकड़ लिया।
अचानक हुए हमले के बावजूद भगवान सिंह ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने दाएं हाथ में मौजूद बड़ियाठ से तेंदुए पर लगातार वार करना शुरू कर दिया। करीब दो मिनट तक चले संघर्ष के बाद तेंदुआ घायल होकर वहां से भाग निकला और बुजुर्ग की जान बच गई।

घटना के दौरान भगवान सिंह की चीख-पुकार सुनकर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे तथा उन्हें तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल के पीएमएस डॉ. डीपी सिंह ने बताया कि तेंदुए के हमले में बुजुर्ग के दोनों हाथों पर गहरे घाव आए हैं। उनका उपचार जारी है और फिलहाल उनकी स्थिति खतरे से बाहर है।
घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग के रेंजर दिनेश जोशी भी अस्पताल पहुंचे और घायल का हालचाल जानने के साथ हरसंभव सहायता का भरोसा दिया। वन विभाग ने क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है।
इस घटना के बाद डूंगरा और आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुए की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाने और जल्द प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।

