भीमताल – जिला पंचायत में पिछले 15–20 वर्षों से कार्यरत गैंग मेटों की न्यायोचित मांगों को लेकर पूर्व दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री एवं राज्य आंदोलनकारी हरीश पनेरु के नेतृत्व में मुख्य विकास अधिकारी कार्यालय, भीमताल में धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि जिला पंचायत द्वारा गैंग मेटों को पूरे वर्ष का वेतन देने के बजाय केवल तीन माह का मानदेय दिया जा रहा है, जो सरासर अन्याय है।
धरने को संबोधित करते हुए हरीश पनेरु ने कहा कि गैंग मेट वर्षों से जिला पंचायत के लिए कार्य कर रहे हैं, इसके बावजूद उनके अधिकारों की लगातार अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कहा कि न केवल उन्हें सालभर की तनख्वाह से वंचित किया जा रहा है, बल्कि न्यूनतम मजदूरी तक नहीं दी जा रही, जो श्रम कानूनों का उल्लंघन है।
पनेरु ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत नैनीताल से दूरभाष पर वार्ता कर मामले के शीघ्र समाधान की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जल्द ही गैंग मेटों को सालभर का वेतन और न्यूनतम मजदूरी देने का निर्णय नहीं लिया गया, तो 28 तारीख के बाद गैंग मेट अपने परिवारजनों के साथ उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसमें वे स्वयं भी धरना-प्रदर्शन में शामिल रहेंगे।

उन्होंने कहा कि एक ओर सरकारी कर्मचारियों को महंगाई भत्ता दिया जा रहा है, वहीं जनप्रतिनिधियों के वेतन और पेंशन में लगातार वृद्धि हो रही है। कई लोग एक से अधिक पेंशन का लाभ ले रहे हैं, जबकि दूसरी ओर वर्षों से मेहनत कर रहे मजदूरों के साथ इस प्रकार का भेदभाव किया जा रहा है। पनेरु ने सवाल उठाया कि आखिर इस अन्याय का जवाब जिला पंचायत नैनीताल को देना होगा। धरना-प्रदर्शन के दौरान गैंग मेटों ने भी एक स्वर में अपनी मांगों को दोहराते हुए कहा कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला तो वे संघर्ष को और तेज करेंगे।

