देहरादून – राज्य में उद्योगों की स्थापना प्रक्रिया को सरल और तेज बनाने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया गया है। अब नारंगी और हरी श्रेणी के उद्योगों के स्थलीय निरीक्षण और सत्यापन का कार्य थर्ड पार्टी एजेंसियों के माध्यम से कराया जाएगा। इस संबंध में प्रस्ताव को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीसीबी) की बोर्ड बैठक में मंजूरी दे दी गई है।
नई व्यवस्था के तहत थर्ड पार्टी द्वारा निरीक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत किए जाने के बाद उत्तराखंड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीसीबी) उद्योगों को अनुमति प्रदान करेगा। इससे उद्योग लगाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता के साथ-साथ तेजी आने की उम्मीद है।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालयों के अधिकार बढ़ाए जाएं। अब क्षेत्रीय कार्यालय दस करोड़ रुपये तक की लागत वाले उद्योगों को स्थापना की अनुमति दे सकेंगे। इससे छोटे और मध्यम उद्योगों को बड़ी राहत मिलेगी और फाइलों के निस्तारण में लगने वाला समय कम होगा।

सरकार का मानना है कि इस निर्णय से राज्य में निवेश को बढ़ावा मिलेगा, रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।

