उत्तराखण्ड ज़रा हटके हल्द्वानी

कीचड़ और गंदे पानी में डूबा ट्रांसपोर्ट नगर, कारोबार पर ब्रेक….

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हल्द्वानीहल्द्वानी के ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में लंबे समय से चले आ रहे जलभराव और अव्यवस्थित निकासी व्यवस्था को लेकर व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों का आक्रोश खुलकर सामने आ गया है। लगातार जलभराव के कारण पूरा इलाका कीचड़ और गंदे पानी से लबालब है, जिससे व्यापारिक गतिविधियां बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं।

व्यापारियों का कहना है कि हालात इतने खराब हैं कि दुकानों और वर्कशॉप तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। भारी वाहनों की आवाजाही बाधित होने से ट्रांसपोर्ट कारोबार को भी भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार बरसात के मौसम में यह समस्या हर साल विकराल रूप ले लेती है, लेकिन अब तक इसका कोई स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है।

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कई स्थानों पर महीनों से पानी भरा होने के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है और बीमारियों का खतरा भी मंडरा रहा है। ट्रांसपोर्टरों ने आरोप लगाया कि नगर निगम की ओर से केवल अस्थायी इंतजाम किए जाते हैं, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती।

मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय विधायक सुमित हृदयेश ने ट्रांसपोर्ट नगर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। विधायक ने जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने और क्षतिग्रस्त सड़कों की तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश देते हुए भरोसा दिलाया कि समस्या का स्थायी समाधान किया जाएगा।

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व्यापारियों ने यह भी आरोप लगाया कि ट्रांसपोर्ट नगर में बने पार्कों को अवैध रूप से पार्किंग स्थल में तब्दील कर दिया गया है। जहां कभी हरियाली और बैठने की व्यवस्था थी, वहां अब ट्रक खड़े रहते हैं और कई जगहों पर वर्कशॉप का संचालन हो रहा है। नगर निगम द्वारा पार्किंग शुल्क वसूले जाने को लेकर भी व्यापारियों में नाराजगी है।

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उनका कहना है कि जब बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं, तो शुल्क लेना अनुचित है। ट्रांसपोर्ट नगर की बदहाली ने एक बार फिर प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि विधायक के आश्वासन के बाद हालात में कितनी जल्दी सुधार नजर आता है।