भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने सितारगंज स्थित तराई क्षेत्र के कैंप कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में उत्तराखंड सरकार को कड़ा संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि यदि तराई क्षेत्र के किसानों और मजदूरों को उजाड़ने की किसी भी प्रकार की साजिश की गई, तो भारतीय किसान यूनियन प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन के लिए मजबूर होगी। टिकैत ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसान और मजदूरों के अधिकारों के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि तराई क्षेत्र प्रदेश की कृषि अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और यहां के किसानों व श्रमिकों के हितों की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने सरकार से किसान हित में निर्णय लेने और किसी भी तरह की बेदखली की कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग की।

इस मौके पर बड़ी संख्या में किसान और यूनियन कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभा में “किसान मजदूर एकता जिंदाबाद” के नारे भी लगाए गए। भारतीय किसान यूनियन ने संकेत दिया है कि यदि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो जल्द ही आंदोलन की रणनीति की घोषणा की जाएगी।

