उत्तराखण्ड ज़रा हटके हल्द्वानी

कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत के हस्तक्षेप से सुलझा भूमि विवाद, दोनों पक्षों में हुआ समझौता

ख़बर शेयर करें -

हल्द्वानी। कुमाऊं आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत की जनसुनवाई एक बार फिर आमजन के लिए राहत का माध्यम साबित हुई। जनसुनवाई में पहुंचे एक भूमि खरीददार को आयुक्त के हस्तक्षेप से 15 लाख 50 हजार रुपये की धनराशि वापस मिल गई, जिससे लंबे समय से चला आ रहा विवाद सुलझ गया।

जानकारी के अनुसार आस्था विहार पॉलीशीट हल्द्वानी निवासी संजय जनोटी ने जनसुनवाई में शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्होंने भीमताल के ढूंगसील निवासी पुष्पा पाण्डे से भूमि क्रय करने के लिए अनुबंध किया था। अनुबंध के तहत उन्होंने गूगल पे के माध्यम से 15 लाख 50 हजार रुपये की धनराशि पुष्पा पाण्डे के खाते में हस्तांतरित की थी।

यह भी पढ़ें 👉  श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता: एसएसपी नैनीताल मंजूनाथ टी.सी.

हालांकि भूमि की रजिस्ट्री के दौरान रास्ते को लेकर विवाद सामने आ गया, जिसके चलते भूमि का क्रय-विक्रय नहीं हो सका। इसके बाद संजय जनोटी ने अपनी धनराशि वापस मांगी, लेकिन उन्हें रकम वापस नहीं मिली। मामला जनसुनवाई में पहुंचने पर आयुक्त दीपक रावत ने दोनों पक्षों को सुनकर समाधान निकालने के निर्देश दिए।

आयुक्त के मार्गदर्शन में दोनों पक्षों के बीच वार्ता हुई और धनराशि वापस करने को लेकर सहमति बन गई। इसके बाद पुष्पा पाण्डे ने 15 लाख 50 हजार रुपये की पूरी राशि बैंक के माध्यम से संजय जनोटी के खाते में वापस हस्तांतरित कर दी।

यह भी पढ़ें 👉  रामनगर में पुलिस का प्रहार, अवैध तमंचे के साथ युवक गिरफ्तार

अपनी रकम वापस मिलने पर संजय जनोटी ने आयुक्त दीपक रावत का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनसुनवाई के माध्यम से उनकी समस्या का त्वरित समाधान हुआ

यह भी पढ़ें 👉  कृषि भूमि पर रिसॉर्ट चलाना पड़ा भारी, राज्य सरकार में निहित हुई जमीन