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उत्तराखंड विकास, सुशासन और नवाचार का मॉडल राज्य बनकर उभरा : मुख्यमंत्री धामी

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हल्द्वानी – हल्द्वानी में दैनिक जागरण के 23वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित ‘जागरण उत्सव’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी   मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने दैनिक जागरण परिवार को 23 वर्षों की गौरवपूर्ण, सशक्त और जनसरोकारों से जुड़ी पत्रकारिता की यात्रा पूर्ण करने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि दैनिक जागरण ने सदैव निष्पक्षता, संवेदनशीलता और राष्ट्रहित की भावना के साथ पत्रकारिता करते हुए समाज में जागरूकता, विश्वास और सकारात्मक परिवर्तन का वातावरण तैयार किया है। उन्होंने देवभूमि उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और आम जनमानस की आवाज को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने में समूह की भूमिका को भी सराहा।

मुख्यमंत्री धामी ने अपने संबोधन में कहा कि दैनिक जागरण हल्द्वानी के 23 वर्षों का सफर भारत के पिछले दो दशकों के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक परिवर्तन का जीवंत दस्तावेज है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  के नेतृत्व में देश ने तुष्टिकरण की राजनीति की जगह संतुष्टिकरण और परिवार प्रथम की जगह राष्ट्र प्रथम की कार्यसंस्कृति को अपनाया है। आज भारत रक्षा, विज्ञान, कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, अंतरिक्ष और वैश्विक मंचों पर मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रहा है। स्टार्टअप इंडिया, वोकल फॉर लोकल, मेक इन इंडिया, स्किल इंडिया और डिजिटल इंडिया जैसी योजनाओं ने देश को आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाया है और भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में कश्मीर से धारा 370 की समाप्ति, अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर निर्माण, ट्रिपल तलाक की समाप्ति, नागरिकता संशोधन कानून और वक्फ संशोधन जैसे ऐतिहासिक निर्णय लिए गए हैं। वहीं जन-धन योजना, उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और मुफ्त राशन योजना जैसी योजनाओं के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने केदारनाथ से कहा था कि 21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक होगा और राज्य सरकार इसी संकल्प को साकार करने के लिए कार्य कर रही है।

 मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, खेल, पेयजल और हवाई कनेक्टिविटी सहित विभिन्न क्षेत्रों में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित कर रही है। 30 से अधिक क्षेत्रों में विशेष नीतियों के माध्यम से राज्य के सर्वांगीण विकास का रोडमैप तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी बनाने के लिए केदारखंड और मानसखंड के मंदिरों का पुनर्निर्माण किया जा रहा है। हरिपुर कालसी स्थित यमुनातीर्थ का पुनरोद्धार, हरिद्वार-ऋषिकेश कॉरिडोर, विवेकानंद कॉरिडोर, गोल्ज्यू कॉरिडोर और शारदा कॉरिडोर जैसी परियोजनाओं पर तेजी से कार्य चल रहा है।

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मुख्यमंत्री ने कहा कि शीतकालीन यात्रा की शुरुआत से राज्य में 12 महीने पर्यटन गतिविधियां संचालित हो रही हैं और उत्तराखंड धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ वेलनेस, वेडिंग, एडवेंचर और फिल्म टूरिज्म के वैश्विक केंद्र के रूप में उभर रहा है। उन्होंने बताया कि गढ़वाल और कुमाऊं में स्पिरिचुअल इकोनॉमिक ज़ोन विकसित करने तथा वन डिस्ट्रिक्ट, वन फेस्टिवल की अवधारणा को आगे बढ़ाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 में आयोजित ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट में प्राप्त 3.56 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्तावों में से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश धरातल पर उतर चुका है। उन्होंने बताया कि एक जनपद-दो उत्पाद योजना, हाउस ऑफ हिमालयाज ब्रांड, स्टेट मिलेट मिशन, फार्म मशीनरी बैंक, एप्पल मिशन, नई पर्यटन नीति, नई फिल्म नीति, होम स्टे योजना, वेड इन उत्तराखंड अभियान और सौर स्वरोजगार योजना से ग्रामीण अर्थव्यवस्था, कृषि और पर्यटन को मजबूती मिली है।

उन्होंने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था डेढ़ गुना से अधिक बढ़ी है, जीएसडीपी में 7.23 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और प्रति व्यक्ति आय में 41 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बेरोजगारी दर में रिकॉर्ड 4.4 प्रतिशत की कमी आई है। राज्य का बजट 60 हजार करोड़ रुपये से बढ़कर एक लाख करोड़ रुपये से अधिक हो चुका है। 20 हजार से अधिक नए उद्योग स्थापित हुए हैं और स्टार्टअप्स की संख्या 700 से बढ़कर 1750 से अधिक पहुंच गई है। हेलिपोर्ट्स की संख्या 2 से बढ़कर 12 और हेलिपैड्स की संख्या 60 से बढ़कर 118 हो गई है। बिजली उत्पादन में तीन गुना से अधिक वृद्धि हुई है तथा 2 लाख 65 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। पर्यटन क्षेत्र में होटलों में 25 प्रतिशत और नए होमस्टे में 50 प्रतिशत से अधिक वृद्धि दर्ज की गई है, जबकि रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत की उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है।

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 मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड आज विकास, सुशासन और नवाचार का मॉडल राज्य बनकर उभरा है। नीति आयोग के सतत विकास लक्ष्य इंडेक्स में राज्य देश में प्रथम स्थान पर है। सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन सूचकांक में विशेष राज्यों की श्रेणी में दूसरा स्थान प्राप्त हुआ है, जबकि इंडिया इनोवेशन इंडेक्स में उत्तराखंड हिमालयी राज्यों में दूसरे स्थान पर है। राज्य को ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में एचीवर्स तथा स्टार्टअप्स में लीडर्स का गौरव प्राप्त हुआ है। लगातार चार वर्षों से उत्तराखंड को देश का मोस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट चुना गया है और मत्स्य पालन के क्षेत्र में श्रेष्ठ मत्स्य राज्य का राष्ट्रीय सम्मान भी मिला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार केवल आर्थिक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि देवभूमि की सांस्कृतिक पहचान, पारंपरिक विरासत और जनसांख्यिकीय संतुलन की रक्षा के लिए भी प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जहां समान नागरिक संहिता लागू की गई है। साथ ही सख्त धर्मांतरण विरोधी और दंगा विरोधी कानून लागू किए गए हैं। लैंड जिहाद, लव जिहाद और अवैध अतिक्रमण के खिलाफ कठोर कार्रवाई करते हुए 12 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया है। युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए देश का सबसे कठोर नकल विरोधी कानून लागू किया गया है, जिसके परिणामस्वरूप पिछले साढ़े चार वर्षों में 32 हजार से अधिक युवाओं को पारदर्शी तरीके से सरकारी नौकरियां मिली हैं। उन्होंने कहा कि सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार निर्णायक कार्रवाई कर रही है और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।

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 मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरकार विकास, सुशासन और अंत्योदय की भावना के साथ कार्य कर रही है और हर योजना का लाभ अंतिम व्यक्ति तक बिना भेदभाव पहुंचे, यही प्रयास है। उन्होंने विश्वास जताया कि जनता विकास के रिपोर्ट कार्ड पर अपनी मुहर लगाएगी। उन्होंने कहा कि जनता अब समझ चुकी है कि कौन राष्ट्रहित और विकास की राजनीति कर रहा है और कौन भ्रम व तुष्टिकरण की राजनीति में लगा है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन और प्रदेशवासियों के सहयोग से उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने का संकल्प अवश्य पूरा होगा।

मुख्यमंत्री ने दैनिक जागरण जैसे जिम्मेदार मीडिया संस्थानों से अपेक्षा की कि वे लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में सकारात्मक और जिम्मेदार पत्रकारिता के जरिए समाज को जागरूक करते रहें तथा विकास के महाअभियान को नई दिशा दें।

इस अवसर पर देश के विभिन्न क्षेत्रों से आए कवियों को सम्मानित किया गया तथा कवियों द्वारा कविता पाठ भी प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम में सांसद Ajay Bhatt, कैबिनेट मंत्री Ganesh Joshi, Ram Singh Kaida, उत्तराखंड मीडिया सलाहकार समिति के अध्यक्ष Govind Singh Bisht, Harichaitanya Maharaj, विधायक Sumit Hridayesh, Shiv Arora, Tilak Raj Behar, दैनिक जागरण समूह के निदेशक Sandeep Gupta, संपादक Manoj Jha, Vijay Yadav, एजीएम Vinay Tiwari, प्रबंधक Raghvendra Chadha, भाजपा जिलाध्यक्ष Pratap Bisht, मेयर Vikas Sharma, Deepak Bali, कुमाऊं आयुक्त व सचिव मुख्यमंत्री Deepak Rawat, आईजी Riddhim Agarwal, जिलाधिकारी Lalit Mohan Rayal, महानिदेशक सूचना Banshidhar Tiwari सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे